बाहुबली बुच्चन यादव की भागलपुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल के कैदी वार्ड में इलाज के दौरान मौंत

कभी पूर्णिया से कोशी तक बाहुबल का डंका बजाने वाले बुच्चन यादव की भागलपुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल के कैदी वार्ड में इलाज के दौरान मौंत

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फोटो – बाहुबली बुच्चन यादव की मौंत इलाज के दौरान भागलपुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल के कैदी वार्ड में हो गई।

सीमांचल से अशोक कुमार की रिपोर्ट ।

दोनों किडनी फेल थे और डाइलिसिस के लिए भागलपुर विशेष जेल भेजे गए थे ।

बीते शुक्रवार की रात में पूर्णिया के नामी गिरामी बाहुबली बुच्चन यादव की मौंत इलाज के दौरान भागलपुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल के कैदी वार्ड में हो गई।

बुच्चन यादव की मौंत की खबर पूर्णिया में शनिवार को देर से मिली तो पूर्णिया से कोशी क्षेत्र तक में उनके परिचितों सहित आम जनता सन्न रह गई।

बुच्चन यादव लम्बी अवधि से पूर्णिया केंद्रीय जेल में बन्दी थे । एक प्रतिद्वंद्वी अपराधी गिरोह के हमले का शिकार हो उन्होंने अपने एक पैर गंवा दिया था लेकिन उक्त हमले के बाद प्रतिद्वंद्वी गिरोह के बीच फिर से हुए खून खराबे की घटना में आरोपी होने के कारण गिरफ्तार हो जेल में थे।

विगत 14 अप्रैल 2019 को उसे किडनी के डायलिसिस के लिए पूर्णिया केंद्रीय जेल से भागलपुर विशेष केंद्रीय जेल में ट्रांसफर किया गया था।

उसके दोनों किडनी फेल थे,इसलिए किडनी का डायलिसिस करने के लिए उसे भागलपुर मेडिकल कॉलेज अस्पताल के कैदी वार्ड में रखकर उसका इलाज किया जा रहा था लेकिन इलाज के क्रम में ही बाहुबली बुच्चन यादव की मौंत बीते शुक्रवार की देर रात में हो गई।

बुच्चन यादव ने अपने पैर गंवाने से पहले राजनीति में भी दिलचस्पी लेनी शुरू कर दी थी और इस बाबत उसने कोशी क्षेत्र के बिहारी गंज विधानसभा क्षेत्र से 2020 के विधानसभा चुनाव में बतौर उम्मीदवार अपने भाग्य आजमाने की अंदरूनी तैयारी भी शुरू कर दी थी और राजद की उम्मीदवारी पाने की लालसा के साथ वह राजद नेता तेजस्वी यादव से सम्पर्क स्थापित कर बेहतर सम्बन्ध बनाकर राजद की चुनावी टिकट प्राप्त करने की पूरी कोशिश में थे ,लेकिन , एक हमले में अपनी एक पैर गंवाने के बाद से राजनीति से मुंह मोड़ लिए थे।